हनुमान जी सिर्फ एक स्वरूप तक सीमित नहीं हैं। वे पंचमुखी और अन्य रूपों में भी प्रकट होते हैं। हर रूप का अपना उद्देश्य और शक्ति है।
रहस्यमय रूप:
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पंचमुखी हनुमान – पाँच चेहरों वाले रूप
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एकदंत हनुमान – गणेशजी की कृपा से
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महावीर हनुमान – शक्ति और तेज का प्रतीक
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रामभक्त हनुमान – समर्पण का प्रतीक
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ज्ञानगुण सागर हनुमान – ब्रह्मज्ञान से संपन्न
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अष्टसिद्धि दायक हनुमान – सिद्धियों के दाता
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नृसिंह रूप धारी हनुमान – संकट से रक्षा हेतु
निष्कर्ष:
इन रूपों की आराधना जीवन के अलग-अलग क्षेत्रों में शक्ति और समाधान प्रदान करती है।
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